Answer for हाइडॉलिक असिस्टिड स्टीयरिंग किसे कहते है ?

ट्रैक्टर का अधिकांश भार अगले पहियों पर पड़ता है, इसलिए स्टीयरिंग व्हील घुमाने में भार के अनुसार शक्ति लगती है। छोटे अथवा साधारण ट्रैक्टर को तो स्टीयरिंग पर स्वयं की शक्ति लगाकर आसानी से मोड़ा जा सकता है, परन्तु अधिक भारी ट्रैक्टर में स्टीयरिंग व्हील घुमाने में बहुत अधिक शक्ति लगानी पड़ती है, इसलिए ऐसे भारी ट्रैक्टरों में हवा की सहायता ली जाती थी, परन्तु अब हाइड्रॉलिक शक्ति की सहायता ली जाती है। इसके द्वारा स्टीयरिंग व्हील को घुमाने अथवा ट्रैक्टर को मोड़ने में कम शक्ति लगानी पड़ती है। इन्हें स्टीयरिंग के अन्य भागों के अतिरिक्त ऑयल रिजर्वायर, हाइड्रॉलिक पम्प, पावर सिलेण्डर तथा स्पूल वाल्व के साथ डिजाइन किया गया है।

पम्प Pump
यह एक स्टीयरिंग पम्प होता है, जिसका उपयोग हाइड्रॉलिक प्रवाह के उत्पादन में किया जाता है। यह स्टीयरिंग गियर को चलाने के लिए आवश्यक बल प्रदान करता है। इंजन मैंक शाफ्ट को एक बैल्ट के द्वारा पम्प से जोड़ा जाता है तथा इसको इंजन के नजदीक स्थित किया जाता है। पम्प में जलाशय और कण्ट्रोल वाल्व भी पम्प में सम्मिलित होते हैं। पम्प रोलर और वेन प्रकार का हो सकता है। दोनों में से किसी एक को चुना जा सकता है।

वाल्व Valve
तरल प्रवाह और दाब के नियन्त्रण के लिए वाल्व का उपयोग किया जाता है। वह वाल्व जो तरल प्रवाह को नियन्त्रित करती है, कण्ट्रोल वाल्व (control valve) कहलाती है तथा वह वाल्व जो दाब को नियन्त्रित करती है, रिलीफ वाल्व कहलाती है। पम्प के निर्गत से कण्ट्रोल वाल्व सम्बन्धित रहती है। पम्प से ओरेफिस के द्वारा द्रव बहता है इसके कारण ही दाब में गिरावट आती है। स्प्रिंग और कम दाब के कारण वाल्व बन्द रहती है। इस स्थिति में, सभी द्रव स्टीयरिंग गियर से जाता है। इंजन की स्पीड में बढ़ोतरी के साथ पम्प से बहाव की स्पीड में भी बढ़ोतरी होती है। यह वाल्व के दोनों ओर अधिक दाब में भिन्नता के कारण बल पर काबू पाने के सक्षम है। यह वाल्व को खुला तथा अधिक तरल की सप्लाई वापस पम्प को करता है। इस तरह स्टीयरिंग सिस्टम में द्रव प्रवाह नियन्त्रित होता है।

Back to top button